नोएडा, 5 अगस्त 2026। सत्यम फैशन इंस्टीट्यूट, नोएडा में नवप्रवेशित विद्यार्थियों के स्वागत के लिए “ओरिएंटेशन प्रोग्राम 2026 – ऊर्जा: एक नया सफर” का भव्य आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम केवल नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत तक सीमित नहीं रहा, बल्कि विद्यार्थियों के सपनों, रचनात्मक सोच, नवाचार और सफल करियर की दिशा में प्रेरणादायक पहल के रूप में सामने आया। कार्यक्रम में उद्योग जगत की प्रतिष्ठित हस्तियों, शिक्षाविदों, अभिभावकों और विद्यार्थियों की उत्साहपूर्ण उपस्थिति ने आयोजन को विशेष बना दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन और सरस्वती वंदना के साथ हुआ। इस अवसर पर सत्यम ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस की चेयरपर्सन डॉ. स्नेह सिंह ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि “ऊर्जा: एक नया सफर केवल एक थीम नहीं, बल्कि प्रत्येक विद्यार्थी के जीवन में नए आत्मविश्वास, नए अवसर और नई संभावनाओं की शुरुआत है। हमारा उद्देश्य केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों को संवेदनशील, रचनात्मक, आत्मनिर्भर और वैश्विक दृष्टिकोण से सक्षम नागरिक बनाना है। सही मार्गदर्शन और अवसर मिलने पर प्रतिभा असाधारण उपलब्धियों में बदल जाती है।”
संस्थान के माननीय सचिव सीए डॉ. प्रदीप गुप्ता ने अपने संबोधन में कहा कि आज का समय आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिज़ाइन थिंकिंग, नवाचार और उद्यमिता का युग है। उन्होंने कहा कि केवल डिग्री प्राप्त करना पर्याप्त नहीं है, बल्कि निरंतर सीखना, नई तकनीकों को अपनाना और वैश्विक सोच विकसित करना ही सफलता की कुंजी है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि सत्यम फैशन इंस्टीट्यूट विद्यार्थियों को उद्योग की वर्तमान और भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
संस्थान की प्राचार्या डॉ. नीतू मल्होत्रा ने सभी अतिथियों, अभिभावकों और विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए कहा कि यह यात्रा केवल कक्षा तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि शोध, नवाचार, उद्योग, उद्यमिता और रचनात्मक नेतृत्व तक पहुंचेगी। उन्होंने कहा कि संस्थान विद्यार्थियों को केवल शिक्षा ही नहीं देता, बल्कि उन्हें सोचने, सृजन करने और अपनी अलग पहचान स्थापित करने के अवसर भी प्रदान करता है।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि और प्रसिद्ध फैशन डिज़ाइनर सुश्री तनमया मनीष ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि फैशन केवल सुंदर परिधान बनाने की कला नहीं, बल्कि संस्कृति, भावनाओं और व्यक्तित्व की अभिव्यक्ति है। उन्होंने विद्यार्थियों को अपनी मौलिकता बनाए रखने, नए विचारों पर विश्वास करने और निरंतर सीखते रहने की सलाह दी। साथ ही उन्होंने भारतीय शिल्प और आधुनिक डिज़ाइन के समन्वय के माध्यम से वैश्विक स्तर पर पहचान बनाने के लिए प्रेरित किया।
फैशन एवं रिटेल उद्योग की वरिष्ठ विशेषज्ञ सुश्री शशि नांगिया ने कहा कि फैशन इंडस्ट्री में सफलता केवल रचनात्मकता से नहीं, बल्कि अनुशासन, टीमवर्क, व्यावसायिक सोच और लगातार सीखने की इच्छा से मिलती है। उन्होंने कहा कि आज उद्योग ऐसे युवा डिज़ाइनर्स की तलाश में है जो नवाचार के साथ-साथ बाज़ार की जरूरतों को भी अच्छी तरह समझते हों।

डिज़ाइन उद्यमी डॉ. नीतू सिंह ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि फैशन शिक्षा का उद्देश्य केवल कुशल डिज़ाइनर तैयार करना नहीं, बल्कि ऐसे उद्यमी विकसित करना है जो भारतीय शिल्प, गुणवत्ता और नवाचार को वैश्विक मंच तक पहुंचा सकें। उन्होंने कहा कि आज का उद्योग ऐसे डिज़ाइन प्रोफेशनल्स चाहता है जिनमें रचनात्मकता के साथ नेतृत्व क्षमता, तकनीकी दक्षता, व्यावसायिक समझ और समस्या समाधान की योग्यता भी हो। यदि विद्यार्थी अनुशासन और सकारात्मक सोच के साथ अपने कौशल को विकसित करें तो वे न केवल सफल करियर बना सकते हैं, बल्कि रोजगार देने वाले उद्यमी भी बन सकते हैं।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को संस्थान की उपलब्धियों और उद्योग आधारित शिक्षा प्रणाली से भी अवगत कराया गया। संस्थान को ‘बेस्ट डिज़ाइन इंस्टीट्यूट, नोएडा 2025’ का सम्मान मिल चुका है। इसके अलावा भारतीय हस्तकरघा एवं सतत फैशन के क्षेत्र में सम्मान, नेशनल डिज़ाइन सेंटर, NAEC Annual Awards 2026, ग्रीन कैंपस पहल, एआई आधारित नवाचार, महिला सशक्तिकरण तथा राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शैक्षणिक उत्कृष्टता के लिए भी संस्थान को कई प्रतिष्ठित पुरस्कार प्राप्त हुए हैं।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने संस्थान की कार्यसंस्कृति, आधुनिक शिक्षण पद्धति, उद्योग सहयोग और रचनात्मक वातावरण की सराहना की। पूरे आयोजन के दौरान नए विद्यार्थियों में उत्साह और आत्मविश्वास साफ दिखाई दिया। समापन अवसर पर प्राचार्या डॉ. नीतू मल्होत्रा ने सभी अतिथियों, अभिभावकों, मीडिया प्रतिनिधियों और विद्यार्थियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि “ऊर्जा तभी सार्थक होती है जब उसे सही दिशा मिले। हमें विश्वास है कि सत्यम फैशन इंस्टीट्यूट का प्रत्येक विद्यार्थी अपने ज्ञान, रचनात्मकता और नवाचार के माध्यम से समाज और देश का नाम रोशन करेगा।”
इस प्रेरणादायी आयोजन ने नए विद्यार्थियों को न केवल संस्थान की कार्यशैली से परिचित कराया, बल्कि उन्हें अपने सपनों को नई उड़ान देने, रचनात्मक सोच विकसित करने और भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार होने का आत्मविश्वास भी प्रदान किया। सत्यम फैशन इंस्टीट्यूट का यह ओरिएंटेशन प्रोग्राम विद्यार्थियों के लिए वास्तव में “ऊर्जा: एक नया सफर” की सार्थक शुरुआत साबित हुआ।






