ग्रेटर नोएडा वेस्ट, 19 अक्टूबर 2025 — दीपावली का पर्व जहां घर-आँगन में रौशनी लाता है, वहीं एथोमार्ट चैरिटेबल ट्रस्ट (Ethomart Charitable Trust – EMCT) ने इस रोशनी को जरूरतमंद बच्चों के चेहरों तक पहुँचाने का संकल्प लिया।
ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित सेवियर ग्रीनार्क सोसाइटी में ट्रस्ट द्वारा एक हृदयस्पर्शी पहल “खुशियों का दिया” का आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य वंचित एवं जरूरतमंद वर्ग के बच्चों की शिक्षा और उत्सवों में खुशियाँ लाना है।
कार्यक्रम में ईएमसीटी ज्ञानशाला के बच्चों ने अपने हाथों से रंगे और सजाए गए सुंदर दीयों की प्रदर्शनी लगाई। इन दीयों की बिक्री से प्राप्त राशि का उपयोग उन्हीं बच्चों की दीवाली को रोशन करने में किया जाएगा — जिसके अंतर्गत उन्हें दीवाली उपहार, मिठाइयाँ और शैक्षणिक सामग्री प्रदान की जाएगी।
कार्यक्रम में समाज की महिलाओं और बच्चों का उत्साहपूर्ण सहयोग देखने को मिला।
इसमें सरिता सिंह, गरिमा श्रीवास्तव, रुचि जैन, शिवानी पाण्डेय, मीना, ध्रुवी गिरी, प्रिशा श्रीवास्तव, प्रतिभा, रेयांश और समर्थ गुर्जर जैसे समाजसेवियों एवं निवासियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई। साथ ही चॉक एंड बोर्ड के नन्हे-मुन्ने बच्चों ने अपनी मासूम ऊर्जा और स्नेह से इस अभियान को सफल बनाया।
इस अवसर पर समाजसेवी एवं ईएमसीटी की संस्थापक रश्मि पाण्डेय ने कहा —
“दीपावली केवल घरों में रोशनी करने का नहीं, बल्कि चेहरों पर मुस्कान लाने का पर्व है। जब ये बच्चे अपने बनाए दीये किसी के घर जगमगाते देखते हैं, तो उनके मन में जो आनंद होता है — वही सच्चा दीपोत्सव है।”
सेवियर ग्रीनार्क की गलियाँ उस दिन सचमुच दीपों और मुस्कानों से जगमगा उठीं। बच्चों के हाथों बने रंग-बिरंगे दीयों ने न केवल परिसर को उजाला किया, बल्कि समाज में साझेदारी, संवेदना और स्वदेशी उत्पादों के महत्व का संदेश भी दिया।
“खुशियों का दिया” जैसी पहलें समाज को यह याद दिलाती हैं कि सच्ची रौशनी तभी फैलती है, जब हर चेहरा मुस्कुराता है।






