मिशन गणित के तहत आयोजित प्रतियोगिता में केजरीवाल सरकार के 1000 से अधिक स्कूलों के लगभग 9800 शिक्षकों ने लिया भाग, एक्ज़ीबिशन में शीर्ष फाइनलिस्ट के टीएलएम को किया गया प्रदर्शित
एक्ज़ीबिशन में दिल्ली के शिक्षकों ने गणित को आसान और मज़ेदार बनाने के उद्देश्य से विभिन्न इनोवेटिव मॉडल का किया प्रदर्शन
मंत्री आतिशी ने किया दो दिवसीय स्टेट लेवल मैथ्स टीएलएम एक्ज़ीबिशन का उद्घाटन, शिक्षकों को एक्ज़ीबिशन के शानदार इनोवेटिव आइडियाज़ को अपने क्लासरूम में अपनाने के लिए किया प्रोत्साहित
बच्चों में गणित के डर को दूर कर पढ़ाई को आसान और मज़ेदार बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण ये टीचिंग लर्निंग मटेरियल
शिक्षकों द्वारा बनाए गये टीएलएम को देखकर गर्व कि हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुँचाने की दिशा में हमारी क्लासरूम टीचिंग बहुत ऊँचे स्तर पर पहुँच चुकी है
8 साल पहले, इस तरह दिल्ली सरकार के स्कूलों द्वारा इतने शानदार टीएलएम प्रदर्शनी की कल्पना करना भी मुश्किल था; हमारे शिक्षकों ने अपनी कड़ी मेहनत से इसे साकार किया
यह केजरीवाल सरकार और हमारे शिक्षकों के संयुक्त प्रयास और मेहनत का नतीजा की आज अभिभावकों को दिल्ली सरकार के स्कूलों के प्रति पूरा भरोसा है
Eros Times: गणित सीखने को और भी मज़ेदार बनाने के लिए, दिल्ली सरकार के शिक्षा निदेशालय ने अपने स्कूलों में “मिशन गणित” की शुरुआत की है। इस दिशा में दिल्ली सरकार के राज्य शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद(एससीईआरटी) द्वारा त्यागराज स्टेडियम में प्राथमिक व उच्च माध्यमिक कक्षाओं के लिए गणित के टीचिंग लर्निंग मटेरियल के दो दिवसीय स्टेट लेवल एक्ज़ीबिशन-प्रतियोगिता ‘मैथ इज फ़न’ का आयोजन किया गया। गुरुवार को शिक्षा मंत्री आतिशी ने इसका उद्घाटन किया, अलग-अलग स्टाल पर जाकर टीचिंग लर्निंग मटेरियल को देखा और उसके विषय में जाना साथ ही शिक्षकों को इस एक्ज़ीबिशन से अधिक से अधिक सीखकर उसे अपनी कक्षाओं में उपयोग करने के किए प्रोत्साहित किया।
एससीईआरटी दिल्ली द्वारा आयोजित इस एक्ज़ीबिशन में दिल्ली सरकार के स्कूलों के शिक्षकों ने बेहद उत्साह के साथ भाग लिया। इस एक्ज़ीबिशन में, दिल्ली सरकार के स्कूलों के शिक्षकों ने प्राथमिक से उच्च माध्यमिक सभी कक्षाओं में छात्रों के गणितीय कौशलों को बेहतर करने और उनमें गणित के प्रति रुचि जगाने के उद्देश्य से सीखने के विभिन्न प्रकार के इनोवेटिव मॉडल का प्रदर्शन किया।

कक्षाओं में गणित को मनोरंजक बनाने के लिए शिक्षकों के प्रयासों की सराहना करते हुए शिक्षा मंत्री आतिशी ने कहा, “ऐसा मौक़ा बहुत कम आता है जब हम गणित के शिक्षकों के काम का जश्न मनाते है, लेकिन आज यह प्रदर्शनी हमारे शिक्षकों की कड़ी मेहनत का जश्न है।”
शिक्षा मंत्री आतिशी ने कहा कि 8 साल पहले जब हमने दिल्ली के सरकारी स्कूलों पर काम करना शुरू किया था तो बच्चों के बैठने के लिए डेस्क नही होते थे, ब्लैकबोर्ड टूटे होते थे,पीने की पानी नही होती थी , स्कूल में शौचालय की व्यवस्था नही होती थी।इतनी सारी समस्याओं को देखकर यह समझ नहीं आता था कि बच्चों को गुणवतापूर्ण शिक्षा व्यवस्था कैसे मुहैया करा पायेंगे?
उन्होंने कहा कि 8 साल से दिल्ली की सरकार ने और दिल्ली के अरविंद केजरीवाल के लीडरशिप में शिक्षा को महत्व देते हुए बहुत काम किए गए। और अब दिल्ली सरकार देश की इकलौती ऐसी सरकार है जो लगातार 8 साल से अपने कुल बजट का लगभग 25% शिक्षा पर खर्च करती है ।

उन्होंने कहा कि पिछले 8 सालों में सरकार और शिक्षकों ने जितनी मेहनत किया है आज उसी का नतीजा है कि जहां दूसरे राज्यों में लोग अपने बच्चों का सरकारी स्कूलों से नाम कटवा कर प्राइवेट स्कूल में दाख़िला करवा रहे है वही दिल्ली इकलौता ऐसा राज्य है, जहां पेरेंट्स अपने बच्चों का दाख़िला प्राइवेट से सरकारी स्कूलों में करवा रहे है।
शिक्षा मंत्री ने शिक्षकों को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि, अच्छी बिल्डिंग और बुनियादी सुविधाएँ तो ज़रूरी है लेकिन कि असली एजुकेशन वो होती हैं जब एक शिक्षक क्लासरूम में खड़े होकर बच्चों को सिखाता है और बच्चों के पढ़ाई को सरल बना देता है। उन्होंने कहा कि मुझे इन टीएलएम को देखकर आज बहुत गर्व महसूस हो रहा है कि हर बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुँचाने की दिशा में हमारी क्लासरूम टीचिंग बहुत ऊँचे स्तर पर पहुँच चुकी है।

शिक्षा मंत्री आतिशी ने कहा कि गणित एक ऐसा विषय है जिससे बच्चों के साथ साथ एडल्ट्स को भी डर लगता है। ऐसे में हमें गणित को डांस, म्यूजिक की तरह मनोरंजक बनाने की ज़रूरत है, अपने क्लास रूम में गणित के लिए ऐसा वातावरण बनाने की ज़रूरत है कि बच्चा गणित को भी खुश होकर खेल-खेल में सीखें।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि आज टीचिंग लर्निंग मटेरियल कम्पटीशन का आयोजन किया गया है वो एक बहुत बड़ी शुरुआत है जो बच्चों के मन से गणित के डर को खत्म कर देगा।उन्होंने ने कहा कि आज मुझे बहुत ख़ुशी हो रही है कि जब हमारे टीचर्स से टीचिंग लर्निंग मटेरियल बनाया है वो बच्चों के लिए बहुत ही फायदेमंद साबित होगा।

उन्होंने कहा कि हमारे शिक्षकों ने जिस प्रकार से गणित की अवधारणाओं को टीएलएम के ज़रिए इतना आसान बनाया है वो काबिले तारीफ़ है क्योंकि अधिकांश बच्चों में ये देखने को मिलता है कि वो गणित के कई कॉनसेप्ट्स टॉपिक से बहुत डरते है और वही से उनका गणित से मोह भंग हो जाता है।
शिक्षा मंत्री आतिशी ने कहा कि हम देश भर में कही भी जाए और जहां जहां सरकारी स्कूलों में समस्या होती है तो या उस स्कूल का परफॉरमेंस अच्छा नहीं होता तो सबसे पहले शिक्षकों को दोषी ठहराया जाता है कि टीचर पढ़ना नहीं चाहते।लेकिन आज दिल्ली गवर्नमेंट स्कूल के शिक्षकों ने टीचर लर्निंग मटेरियल एक्सीबिशन किया है इसे पूरे देश को एक संदेश दिया है कि दिल्ली सरकार के स्कूलों के शिक्षक सबसे अलग हैं।

शिक्षा मंत्री ने शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि मैं उम्मीद करती हूँ कि आज हमने इस एक्ज़ीबिशन में सीखने-सिखाने के जो इनोवेटिव तरीक़े देखे उसका इस्तेमाल आप सभी अपने क्लासरूम में करें और गणित को और मज़ेदार बनाए।
बता दें कि इस प्रतियोगिता में दिल्ली सरकार के 1000 से अधिक स्कूलों के लगभग 9800 शिक्षकों ने भाग लिया और स्कूल, जोन, जिला और राज्य स्तर पर कम्पटीशन किया। कम्पटीशन के अंत में चयनित फाइनलिस्ट्स के टीएलएम को त्यागराज स्टेडियम में आयोजित एक्ज़ीबिशन में शामिल किया गया।






