सत्र 2023-24 में 7 नए कोर्सेज के साथ दिल्ली स्किल एंड एंत्रप्रेन्योरशिप यूनिवर्सिटी का शैक्षिक विस्तार कर रही केजरीवाल सरकार
नए सत्र में डीएसईयू में आर्टिफीसियल इंटेलीजेंस एंड मशीन लर्निंग व रोबोटिक्स एंड प्रोसेस ऑटोमेशन में डिप्लोमा जैसे भविष्य के कोर्सेज को किया गया है शामिल
अरविंद केजरीवाल का सपना कि दिल्ली का हर बच्चा बने स्किल्ड, डीएसईयू में शुरू हुए 21वीं सदी के ये कोर्सेज इस सपने को पूरा करेंगे
90 से अधिक राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय इंडस्ट्री पार्टनर्स के साथ कोलाबोरेशन के ज़रिए डीएसईयू के छात्रों को मिल रहा शानदार इंडस्ट्री एक्सपोज़र
Eros Times: देश की अर्थव्यवस्था को तेज़ी से बढ़ाने के लिए युवाओं को हाई-क्वॉलिटी स्किल एजुकेशन से लैस कर रही है केजरीवाल सरकार की डीएसईयू-तकनीकी शिक्षा मंत्री आतिशी दिल्ली के युवाओं को 21वीं सदी के स्किल्स से लैस करने के दिशा में केजरीवाल सरकार ने दिल्ली स्किल एंड एंत्रप्रेन्योर यूनिवर्सिटी में सत्र 2023-24 में भविष्य में भारी माँग वाले 7 नए कोर्सेज की शुरुआत की है। इन कोर्सेज में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एंड मशीन लर्निंग व रोबोटिक्स एंड प्रोसेस ऑटोमेशन में डिप्लोमा कोर्स; बीबीए इन ऑपरेशन इन बिज़नेस प्रोसेस मैनेजमेंट, बीबीए इन इनोवेशन एंड एंत्रप्रेन्योरशिप,बीबीए इन हॉस्पिटल मैनेजमेंट; और बीएससी व एमएससी इन मेडिकल लैबोरेटरी साइंसेज़ शामिल है। तकनीकी शिक्षा मंत्री आतिशी ने डीएसईयू व उच्च शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ शुक्रवार को नए सत्र के लिए दिल्ली स्किल एंड एंत्रप्रेन्योरशिप यूनिवर्सिटी के अकादमिक योजनाओं के लिए समीक्षा बैठक की। बैठक के दौरान, उन्होंने विश्वविद्यालय द्वारा शुरू किए गए विभिन्न कोर्सेज़, इंडस्ट्री पार्टनरशिप, और छात्रों के प्लेसमेंट आदि की समीक्षा की।
इस मौक़े पर तकनीकी शिक्षा मंत्री आतिशी ने कहा, “डीएसईयू द्वारा शुरू किए गए नए कोर्सेज समय की मांग हैं और इन कोर्सेज को इंडस्ट्री की मांग के अनुसार डिज़ाइन किया गया है। उन्होंने कहा कि,मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का सपना है कि दिल्ली का हर बच्चा स्किल्ड बने इस दिशा में डीएसईयू में शुरू हुए 21वीं सदी के ये कोर्सेज इस सपने को पूरा करेंगे। उन्होंने कहा कि, देश की अर्थव्यवस्था को तेज़ी से बढ़ाने के लिए युवाओं को
हाई-क्वॉलिटी स्किल एजुकेशन से लैस करने की ज़रूरत है और इस दिशा में डीएसईयू अपनी भूमिका बखूबी निभा रही है।

तकनीकी शिक्षा मंत्री ने कहा कि, नए सत्र में डीएसईयू में आर्टिफीसियल इंटेलीजेंस एंड मशीन लर्निंग व रोबोटिक्स एंड प्रोसेस ऑटोमेशन में डिप्लोमा जैसे भविष्य के कोर्सेज को शामिल किया गया है। इन कोर्सेज में ज़रिए छात्रों में प्रैक्टिकल प्रोजेक्ट्स के माध्यम से डिवाइस फेब्रिकेशन के लिए टेक्निकल स्किल्स डेवलप होंगे। जबकि, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग में तीन साल के डिप्लोमा में छात्रों को कंप्यूटर साइंस के सबसे आकर्षक और तेजी से बढ़ते क्षेत्रों में से एक में विशेषज्ञता हासिल करने का मौक़ा मिलेगा।
बैठक के दौरान, तकनीकी शिक्षा मंत्री आतिशी ने इंडस्ट्री के साथ यूनिवर्सिटी की विभिन्न मौजूदा पार्टनरशिप की भी समीक्षा की। उन्होंने कहा, “इंडस्ट्री के साथ पार्टनरशिप विश्वविद्यालय में पढ़ने वाले छात्रों के भविष्य को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। ये पार्टनरशिप न केवल हमारे शैक्षणिक कार्यक्रमों को बढ़ाते हैं बल्कि हमारे छात्रों और फैकल्टी को आधुनिक प्रोजैक्ट्स और रिसर्च में शामिल होने का मौक़ा भी देते है। उन्होंने कहा कि अपने छात्रों को इंडस्ट्री एक्सपोज़र देने के क्रम में मर्सडीज़ बेंज़, स्नाइडर सहित 90 से अधिक राष्ट्रीय-अंतर्राष्ट्रीय इंडस्ट्री पार्टनर्स के साथ कोलाबोरेशन के ज़रिए डीएसईयू अपने छात्रों को सीखने के शानदार अवसर दे रही है। ये न केवल हमारे छात्रों में इंडस्ट्री की ज़रूरतों से जुड़े स्किल्स को डेवलप करने में सहायक होगा बल्कि रोज़गार के बड़े मौक़े भी तैयार करेगा।
आज बैठक में तकनीकी शिक्षा मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि उन्हें इंडस्ट्री की मांगों का आकलन करने के लिए नियमित सर्वे करना चाहिए और उसके अनुसार कोर्सेज डिजाइन करना चाहिए ताकि डीएसईयू के छात्रों को एक्सपोजर और प्लेसमेंट के अधिक से अधिक अवसर मिल सकें।
बता दें कि, यूनिवर्सिटी ने अपने छात्रों के लिए एक नया और इनोवेटिव स्किल ईको-सिस्टम बनाने के लिए 90 से अधिक राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय इंडस्टी पार्टनर्स के साथ पार्टनरशिप किया है। इनमें मर्सिडीज बेंज, लेंसकार्ट, श्नाइडर, अपोलो, ब्लू स्टार, डाइकिन आदि शामिल हैं। इन पार्टनर्स ने यूनिवर्सिटी में विभिन्न सेंटर ऑफ़ एक्सीलेंस स्थापित करने और छात्रों को उद्योग का अनुभव प्रदान करने में मदद की है।
ज्ञात हो कि, वर्ष 2022-23 में 150 से अधिक कंपनियों ने डीएसईयू प्लेसमेंट ड्राइव में भाग लिया और छात्रों को नोकिया, हीरो, होंडा, आईजीएल, टाटा और जीई हेल्थकेयर आदि कंपनियों में नौकरियाँ मिली।






