Birthday Special: आज अपना 52वां जन्मदिन मना रहें हैं किंग ऑफ़ रोमांस शाहरूख खान

नई दिल्ली/EROS TIMES



जन्म और शिक्षा: बॉलीवुड के एसआरके यानी शाहरूख खान को कौन नहीं जानता। वे सिर्फ भारतीय सिनेमा में ही नहीं, पूरी दुनिया में शाहरूख खान एक जानी पहचानी हस्ती हैं। किंग खान करोड़ों नौजवानों और नवयुवतियों के दिलों पर राज करतें है। आज किंग ऑफ़ रोमांस शाहरूख खान का जन्मदिन है। वो 52 साल के हो गए हैं। 2 नंवबर 1965 को जन्में शाहरूख खान एक मुस्लिम फैमिली में पैदा हुए, उनके पिता मेजर जनरल और मां हाउसवाइफ थी। भारतीय सिनेमा में पिछले 26 सालों से राज कर रहे हैं।

करियर की शुरुआत: हममें से अधिकतर लोगों का मानना है कि किंग खान दूरदर्शन के ‘फौजी’ धारावाहिक से अपने कैरियर की शुरूआत की थी। मगर हकीकत यह है कि उन्होंने दिल्ली में होने वाले पंकज उधास के कांसर्ट से अपना कैरियर शुरू किया था। जिसके बदले में उन्हें 50 रुपए मेहनताना मिले थे।एसआरके को ‘कभी हां कभी ना’ फिल्म जिसके लिए शाहरूख को बेस्ट परफॉमेर्ंस के लिए फिल्मफेयर क्रिटिक्स अवार्ड मिला था। शाहरूख ने दिल्ली में थिएटर की पढ़ाई की और उन्हें पहला ब्रेक टीवी सीरियल सर्कस में मिला। फिल्म में पहली भूमिका उन्होंने ‘द इडियट’ में निभाई। इसके बाद उनकी आनेवाली फिल्म ‘रामजाने’ थी। शाहरूख खान भी हमेशा दूर की सोच रखते हैं और लोगों को भी ऐसा ही करने की सलाह देते हैं।डर, बाजीगर, अंजाम, डुप्लीकेट, डॉन और डॉन 2 सहित 6 फिल्मों में एक्टर ने नकारात्मक किरदार निभाए हैं। 14 फिल्मों को किंग खान ने प्रोड्यूस किया है। जिसमें पहली फिल्म ‘फिर भी दिल है हिंदुस्तानी’ थी। अपने करियर में शाहरुख को 226 अवॉर्ड नॉमिनेशन मिले हैं। जिनमें से 207 को उन्होंने जीता है।1995 में आयी फिल्म ‘दिल वाले दुल्हनिया ले जायेंगे’ से उन्होंने सफलता का वह इतिहास लिखा जिसे लिखना हर किसी के बस में नहीं होता। दिल तो पागल है, परदेस , मोहब्बतें, कुछ कुछ होता है, कभी खुशी कभी गम, दिल से, देवदास, वीर जारा, कल हो ना हो, यह वो फिल्में हैं जिन्होंने बॉलीवुड के एक सिंपल से खान को ‘बादशाह खान’ बना दिया।
फिल्मों के कुछ रोमांटिक डायलॉग्स:
– जब तक है जान- (तेरी आंखों की नमकीन मस्तियां, तेरी हंसी की बेपरवाह गुस्ताखियां, तेरी जुल्फों की लहराती अंगड़ाइयां, नहीं भूलंगा मैं, जब तक है जान, जब तक है जान, तेरा हाथ से हाथ छोड़ना, तेरा सायों का रुख मोड़ना, तेरा पलट के फिर ना देखना, नहीं माफ करुंगा मैं, जब तक है जान, जब तक है जान)
– कुछ कुछ होता है- (प्यार दोस्ती है। अगर वो मेरी सबसे अच्छी दोस्त नहीं बन सकती तो मैं उससे कभी प्यार कर ही नहीं सकता। क्योंकि दोस्त बिना तो प्यार होता ही नहीं)
– वीर जारा- (अगर कभी भी कोई दोस्त की ज़रूरत पड़े तो बस इतना याद रखना की सरहद पार एक ऐसा शख्स है जो आप के लिए अपनी जान भी दे देगा।
– दिलवाले दुल्हनियां ले जाएंगे-  (बड़े- बड़े शहरों में छोटी – छोटी बातें होती रहती है सेनोरिटा)
– रब ने बना दी जोड़ी- ( मैं जब भी आपको देखता हूं मुझे रब दिखता है। रब के सामने माथा टेकता हूं तो दिल को सुकून मिलता हैं। आप को हंसते हुए देखता हूं तो दिल को और भी सुकून मिलता है। तो मैं तो आपको रब से भी ज्यादा प्यार करता हूं।
दुनिया के दूसरे सबसे धनी अभिनेता: आज शाहरुख की सम्पत्ति 600 मिलियन अमरीकी डॉलर है, जो उन्हें पूरी दुनिया का दूसरा सबसे धनी अभिनेता बनाती है। वे हॉलीवुड स्टार विल स्मिथ और टॉम क्रूस जैसे बड़े कलाकारों से ज्यादा अमीर हैं। किंग खान की एक आदत बहुत स्पेशल है वे रात को सोने के दौरान भी आइरन किये हुए कपड़े पहनते हैं। वो इसलिए कि उनका मानना है कि न जाने आपके ख्वाबों में कौन आपसे मिलने चला आए तो! आपको रेडी रहना चाहिए। हमारे किंग खान हिन्दी में बहुत कम अंक आते थे। इसकी सबसे वजह थी, उन्हें हिन्दी कम ही पसंद आती थी।  किंग खान को आइसक्रीम बिलकुल भी पसंद नहीं। यह सुपरस्टार जो अपने स्टारडम से अपने प्रतिद्वंदियों को डराता है, वह स्वंय घोड़ों पर चढ़ने से डरता है।
किंग खान को पहली नजर का प्यार हुआ था: शाहरूख खान ने कभी यह सपना देखा था कि उनके पास मुंबई में महंगे ईलाके में एक विशाल बंगला होगा, जिसका सामने वाला हिस्सा अरब सागर की ओर होगा। शाहरूख का पसंदीदा कलर ब्लैक है। वे कहते हैं कि ब्लैक एक सफ कलर है क्योंकि इससे कोई अंदाजा नहीं लगा सकता कि मैंने इन्हें पहले भी पहना है। वे अपनी जीन्स पैंट और सोने के दौरान पहनने वाले कपड़ों को लेकर भी बहुत सजग रहते हैं। किंग खान को पहली नजर का प्यार हुआ था। वे गौरी को लेकर बहुत गंभीर और पजेसिव रहे हैं। वे गौरी से इस कदर इश्क करते थे कि वे गौरी के लिए किसी से भी लड़ जाया करते थे। नई दिल्ली में जन्मे शाहरूख खान बचपन के शुरूआती पांच साल अपने नाना के यहां मंगलौर में रहे। खान मजह 15 साल के ही थे तो उनके पिता का देहांत हो गया। उनकी मां ने पिता के व्यापार और अपने नौकरी दोनों की जिम्मेदारी बहुत ही अच्छे उठाई लेकिन जब शाहरूख 25 साल के थे तो उनकी मां भी डायबिटीज के दुष्प्रभाव से चल बसी। शाहरूख अपनी बहन शहनाज लालारूख के साथ दुनिया में अकेले हो गए।

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