Eros Times: जेवर स्वास्थ्य विभाग ने जेवर स्थित चौधरी मेडिकेयर को सीज कर दिया है। इस अस्पताल का स्वास्थ्य विभाग से पंजीकरण नहीं था। यह जानकारी उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. जैसलाल ने दी। उन्होंने बताया- शुक्रवार को स्वास्थ्य विभाग की टीम ने स्थानीय पुलिस के साथ अस्पताल जाकर जांच की, जिसके बाद सीज करने की कार्रवाई की गयी।
गौरतलब है कि चौधरी मेडिकेयर में पिछले शुक्रवार को अस्पताल की छत पर हाईटेंशन विद्युत लाइन की चपेट में आकर छह साल का एक बच्चा बुरी तरह झुलस गया। उसे दिल्ली स्थित एम्स में भर्ती कराया गया। जहां बढ़ते संक्रमण को देखते हुए डॉक्टरों को बच्चे के दोनों हाथों को काटने का फैसला लेना पड़ा।
बच्चे के पिता योगेश चौहान की शिकायत पर पुलिस ने चौधरी मेडिकेयर अस्पताल और विद्युत निगम के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 338 (अपने कृत्य से मानव जीवन या किसी व्यक्ति को खतरे में डालना, गंभीर चोट पहुंचाना) के तहत मामला दर्ज किया है।
जांच अधिकारी डा. जैसलाल ने बताया कि इस मामले में स्वास्थ्य विभाग की ओर से की गई जांच में पाया गया कि अस्पताल का स्वास्थ्य विभाग में पंजीकरण ही नहीं था। उन्होंने बताया- अस्पताल को सीज कर दिया गया है। डा. जैसलाल के साथ जांच में शिकायत अधिकारी राकेश ठाकुर, जेवर के स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी (एचईओ) नवीन कुमार और पुलिस कर्मी मौजूद रहे।






