नोएडा।
कड़ाके की ठंड से जूझ रहे गरीब, मजदूर और असहाय लोगों को राहत पहुंचाने के उद्देश्य से नोएडा लोकमंच द्वारा एक सराहनीय मानवीय पहल की जा रही है। लोकमंच के तत्वावधान में कंबल वितरण सेवा अभियान की शुरुआत 25 दिसंबर से की गई, जो लगातार और नियमित रूप से संचालित किया जा रहा है।
इस सेवा अभियान के तहत नोएडा शहर के विभिन्न क्षेत्रों में जरूरतमंद लोगों को ठंड से बचाव के लिए कंबल, शाल, स्वेटर और अन्य गर्म वस्त्र वितरित किए जा रहे हैं। लोकमंच की इस मुहिम का मुख्य उद्देश्य सर्दी के मौसम में खुले आसमान के नीचे या सीमित संसाधनों में जीवन यापन कर रहे लोगों को राहत पहुंचाना है।
लोकमंच द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार अब तक इस अभियान के अंतर्गत 1800 कंबल, 500 शाल, 1000 साड़ियाँ और 500 स्वेटर जरूरतमंदों के बीच वितरित किए जा चुके हैं। यह आंकड़े न केवल अभियान की व्यापकता को दर्शाते हैं, बल्कि समाज के प्रति लोकमंच की प्रतिबद्धता को भी उजागर करते हैं।
मंगलवार को यह सेवा अभियान नोएडा के कई इलाकों में सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। इनमें सेक्टर-8 मस्जिद, सेक्टर-61 साईं बाबा मंदिर, सेक्टर-45, सेक्टर-59, भंगेल, बरौला, सेक्टर-16, 17, 18 की झुग्गियां और सेक्टर-31 मस्जिद सहित अनेक क्षेत्र शामिल रहे। इन स्थानों पर बड़ी संख्या में जरूरतमंदों को गरम कपड़े वितरित किए गए, जिससे उन्हें ठंड से राहत मिली।
इस अवसर पर लोकमंच के संचालक एवं महासचिव महेश सक्सेना ने कहा कि कंबल और गर्म वस्त्र पाकर जरूरतमंदों के चेहरों पर जो मुस्कान और सुकून देखने को मिला, वही इस सेवा कार्य की सबसे बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने कहा कि लोकमंच का उद्देश्य केवल वस्त्र वितरण नहीं, बल्कि समाज में मानवीय संवेदनाओं को जीवित रखना है।
महेश सक्सेना ने समाज के सभी जागरूक और संवेदनशील नागरिकों से इस अभियान में जुड़ने की अपील भी की। उन्होंने कहा कि लोग अपनी क्षमता के अनुसार इस मानवीय प्रयास में सहयोग कर सकते हैं, जिससे अधिक से अधिक जरूरतमंदों तक सहायता पहुंचाई जा सके।
इसके साथ ही लोकमंच की ओर से हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया गया है। नागरिकों से अनुरोध किया गया है कि यदि उन्हें कहीं कोई जरूरतमंद व्यक्ति दिखाई देता है या वे स्वयं इस अभियान में सहयोग करना चाहते हैं, तो हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क कर सकते हैं।
नोएडा लोकमंच की यह पहल न केवल सर्दी से राहत देने का कार्य कर रही है, बल्कि समाज में सेवा, सहयोग और करुणा की भावना को भी मजबूत कर रही है।






