EROS TIMES: नोएडा जियो और जीने दो’ के प्रवर्तक महावीर स्वामी का कल्याणक महातिथि नोएडा सेक्टर 93 बी में भव्यता पूर्वक मनाया गया। इस अवसर पर भगवान महावीर की भव्य रथयात्रा निकाली गई, जिसमें जैन समाज के तकरीबन दो दर्जन सोसाइटियों के सैकड़ों लोग शामिल होकर जय जिनेन्द्र की उद्घोष करते रहे।
कार्यक्रम के आयोजक सुनील जैन ने बताया कि आज मंगलवार को सुबह प्रभात फेरी पारसनाथ प्रोस्टीज 93 ए से 93 बी तक निकली गई। इसके पश्चात रथ यात्रा ए 103 सेक्टर 93 बी से प्रारंभ होकर बाहर मुख्य गेट से एल्डेको से होते हुए समाप्त हुई तथा मेन गेट 93 बी पर भव्य भंडारा आयोजित किया गया।

सुनील जैन ने बताया कि भगवान महावीर ने मनुष्य के उत्थान के लिए पांच प्रमुख सिद्धांतों को बताया था, जिन्हें पंचशील सिद्धान्त के नाम से भी जाना जाता है। वह सिद्धांत हैं- सत्य अहिंसा अस्तेय अपरिग्रह और ब्रह्मचर्य। सत्य और अहिंसा मनुष्य का पहला कर्तव्य है। वहीं अस्तेय यानि चोरी नहीं करने से आत्मिक शांति और मोक्ष की प्राप्ति होती है। अपरिग्रह अर्थात विषय या वस्तु के प्रति लगाव न रखने से व्यक्ति सांसारिक मोह को त्यागकर अध्यात्म के मार्ग पर निरंतर चलता रहता है और ब्रह्मचर्य का पालन करने वाला व्यक्ति अपनी इन्द्रियों पर आसानी से नियन्त्रण प्राप्त कर लेता है।
उन्होंने बताया कि जैन धर्म का प्रमुख सिद्धांत इन्द्रियों पर नियंत्रण प्राप्त करना है और भगवान महावीर को करीब 12 वर्षों की कठिन तपस्या के बाद अपनी इन्द्रियों पर विजय प्राप्त हुई थी। महावीर जयंती के शुभ अवसर पर जैन समाज के लोग प्रभातफेरी, अनुष्ठान और अन्य अध्यात्मिक कार्यक्रम का आयोजन करते हैं। साथ ही इस विशेष दिन पर भगवान महावीर की प्रतिमा पर सोने या चांदी के कलश से जल अर्पित किया जाता है और उनके उपदेशों का पूर्ण श्रद्धाभाव से श्रवण किया जाता है।
इस मौके पर जैन समाज के विभिन्न सोसाइटी जैसे सुपरटेक प्रतीक पारसनाथ प्रोस्टीज जेपी विश टाउन पैरामाउंट अजनारा पूर्वांचल रॉयल पार्क एक्सप्रेस व्यू अपार्टमेंट, पारस लाजिक्स लोटस सहित अन्य सोसाइटियों के सैकड़ों लोग शामिल हुए। जिसमें संदीप जैन अजय जैन नितिन जैन एल सी जैन उषा जैन ऋषि समीर गौरव जैन कृत गांधी सचिन जैन आदि भारी संख्या में लोग शामिल रहे।






